
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने किया ‘शौर्य दीवार’ का लोकार्पण, 18,138 विद्यार्थियों को मिली उपाधि
हल्द्वानी – उत्तराखंड ओपन यूनिवर्सिटी, हल्द्वानी में सोमवार को दशम दीक्षांत समारोह का भव्य एवं गरिमामय आयोजन किया गया। इस अवसर पर उत्तराखंड के माननीय राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय के कुलाधिपति लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
समारोह में विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षकगण, विद्यार्थी, अभिभावक तथा गणमान्य अतिथियों की बड़ी उपस्थिति रही। दीक्षांत समारोह के दौरान राज्यपाल गुरमीत सिंह ने विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित ‘शौर्य दीवार’ का विधिवत लोकार्पण किया। यह शौर्य दीवार देश की सेवा में समर्पित वीरों के सम्मान और प्रेरणा का प्रतीक है।
राज्यपाल ने इसे युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताते हुए कहा कि इससे राष्ट्रसेवा और बलिदान की भावना को बल मिलेगा। राज्यपाल ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों को शिक्षा के वास्तविक उद्देश्य से परिचित कराया। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि यह व्यक्ति के जीवन को दिशा देने, सोच को व्यापक बनाने और समाज के प्रति जिम्मेदार नागरिक तैयार करने का सशक्त साधन है।
उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, देशभक्ति और सामाजिक जिम्मेदारी को अपने जीवन में आत्मसात करने का आह्वान किया। समारोह में विश्वविद्यालय के विभिन्न पाठ्यक्रमों से उत्तीर्ण 18,138 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां प्रदान की गईं।
इसके साथ ही उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन करने वाले 34 छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया, जबकि 6 विद्यार्थियों को पीएचडी की उपाधि प्रदान की गई। मंच से जब विद्यार्थियों को उपाधियां दी गईं, तो पूरे परिसर में उत्साह और गर्व का माहौल देखने को मिला। राज्यपाल गुरमीत सिंह ने सभी उपाधि प्राप्त विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
उन्होंने कहा कि आज का युवा अपनी योग्यता, परिश्रम और सकारात्मक सोच के बल पर न केवल अपने परिवार बल्कि देश और समाज को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है।
उन्होंने कहा कि शिक्षित और संस्कारवान युवा ही सशक्त भारत की आधारशिला हैं। समारोह में विश्वविद्यालय के कुलपति, वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षकगण एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन अनुशासित और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ।


