
नैनीताल – मां नंदा-सुनंदा के जयकारों, घंटे-घड़ियाल की गूंज, शंखनाद और ढोल-नगाड़ों की थाप के बीच बुधवार को सरोवर नगरी नैनीताल में मां नंदा-सुनंदा की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। छोलिया दल, बैंड-बाजों और अखाड़ा दलों के आकर्षक करतबों ने शोभायात्रा में चार चांद लगा दिए। पूरे नगर का माहौल भक्तिमय हो उठा।
सुबह धूप खिलने के बाद आसमान में बादल छा गए और शहर में कोहरा भी दिखाई दिया, लेकिन मौसम की परवाह किए बिना श्रद्धालुओं का उत्साह बना रहा। शोभायात्रा के दौरान नगर की सड़कों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती रही। महिलाएं भजन-कीर्तन करते हुए चल रही थीं, जबकि श्रद्धालु मां नंदा-सुनंदा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे।
देवी पूजन के बाद निकली शोभायात्रा
124वें नंदा देवी महोत्सव के तहत सुबह छह बजे देवी पूजन के साथ धार्मिक कार्यक्रमों की शुरुआत हुई। पूजन पंडित भगवती प्रसाद जोशी ने कराया। इसके बाद सुबह नौ बजे देवी पूजन और दोपहर 12 बजे देवीभोग के बाद मंदिर परिसर से शोभायात्रा रवाना हुई।
शोभायात्रा नयना देवी मंदिर की परिक्रमा के बाद चाट पार्क, मस्जिद तिराहा, शारदा संघ, मल्लीताल रिक्शा स्टैंड और मॉलरोड होते हुए तल्लीताल डांठ पहुंची। इसके बाद बाजार, धर्मशाला, नया बाजार और मॉलरोड से होते हुए शोभायात्रा मल्लीताल बाजार पहुंची। राम सेवक सभा भवन और बाजार से होते हुए श्रद्धालु ठंडी सड़क पहुंचे, जहां मां नंदा-सुनंदा की प्रतिमाओं का नैनीझील में विसर्जन किया गया।
मां की विदाई के समय श्रद्धालु भावुक नजर आए। अश्रुपूरित आंखों से भक्तों ने मां नंदा-सुनंदा को विदाई दी और अगले वर्ष पुनः आगमन की कामना की।
शोभायात्रा में शामिल हुए जनप्रतिनिधि और अधिकारी
शोभायात्रा में श्रीराम सेवक सभा के अध्यक्ष मनोज साह, महासचिव जगदीश बवाड़ी, मुकेश जोशी मंटू, कमलेश ढौंढियाल, विमल चौधरी, विमल साह, राजेंद्र लाल साह, देवेंद्र लाल साह, मुकुल जोशी, गोधन सिंह और राजेंद्र सिंह बिष्ट समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल रहे। जनप्रतिनिधियों के साथ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी भी शोभायात्रा में मौजूद रहे।

