पीएमजीएसवाई सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर उठे सवाल, सीडीओ की अगुवाई में स्थलीय जांच

नैनीताल – ओखलकांडा क्षेत्र में पीएमजीएसवाई के तहत निर्मित कोंता–ककरोड़–हरिश्ताल मार्ग की गुणवत्ता को लेकर मिली शिकायतों की जांच के लिए गठित समिति ने स्थलीय निरीक्षण किया। जिलाधिकारी के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में हुई जांच के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की मौजूदगी में सड़क निर्माण कार्य का विस्तृत परीक्षण किया गया।

निरीक्षण समिति में लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग और पीएमजीएसवाई के अधिशासी अभियंताओं के साथ जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारी शामिल रहे।

बिटुमिनस कार्य और पैराफिट निर्माण पर शिकायत

क्षेत्रीय लोगों की ओर से लंबे समय से सड़क की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें की जा रही थीं। इनमें बिटुमिनस कार्य में खामियां, पैराफिट का निर्माण नहीं होने तथा कलवर्ट और गदेरों से संबंधित कार्यों में कमियां प्रमुख रूप से शामिल थीं।

निरीक्षण के दौरान प्रथम दृष्टया सड़क निर्माण कार्य में कुछ कमियां सामने आईं। निर्माण में प्रयुक्त सामग्री और सड़क की गुणवत्ता की जांच के लिए निर्धारित मानकों के अनुसार सड़क की खुदाई कराकर भी परीक्षण किया गया। समिति ने निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों को सूचीबद्ध किया।

निरीक्षण में नहीं पहुंचा ठेकेदार

संबंधित ठेकेदार को निरीक्षण में उपस्थित होने के लिए पूर्व में सूचना दी गई थी। बताया गया कि बुधवार के निरीक्षण से पहले ही उसे सूचना दे दी गई थी, इसके बावजूद वह मौके पर उपस्थित नहीं हुआ।

समिति अब निरीक्षण और तकनीकी परीक्षण के आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर जिलाधिकारी को सौंपेगी। रिपोर्ट में यदि निर्धारित मानकों की अनदेखी या निर्माण कार्य में लापरवाही की पुष्टि होती है तो संबंधित के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई के लिए प्रस्ताव भेजा जाएगा।

विद्यालयों का भी किया निरीक्षण

क्षेत्र भ्रमण के दौरान राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय ओखलढूंगा और प्राथमिक विद्यालय रोशिलमल्ला का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रोशिलमल्ला में कक्षा 10 के विद्यार्थियों से संवाद किया गया।

मुख्य विकास अधिकारी ने विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं में बेहतर प्रदर्शन के लिए नियमित एवं योजनाबद्ध अध्ययन, समय प्रबंधन, लक्ष्य निर्धारण और निरंतर अभ्यास का महत्व बताया। विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मार्गदर्शन के लिए आभार व्यक्त किया।