हल्द्वानी रेलवे भूमि प्रकरण: 9 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में संभावित सुनवाई, शहर की निगाहें शीर्ष अदालत पर

नई दिल्ली/हल्द्वानी। बहुचर्चित हल्द्वानी रेलवे भूमि प्रकरण में एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई की संभावित तारीख सामने आई है। अब्दुल मतीन सिद्दीकी बनाम यूनियन ऑफ इंडिया मामले की अगली सुनवाई 9 सितंबर 2026 को संभावित रूप से सूचीबद्ध बताई जा रही है। मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ के समक्ष होने की जानकारी है।

हल्द्वानी रेलवे भूमि प्रकरण: 9 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में संभावित सुनवाई, शहर की निगाहें शीर्ष अदालत पर

सुप्रीम कोर्ट के केस रिकॉर्ड के अनुसार मामला वर्तमान में लंबित है। इसका डायरी नंबर 289/2023 है, जबकि इसे सिविल अपील नंबर 3518/2023 के रूप में पंजीकृत किया गया है। रिकॉर्ड के मुताबिक मामले को 2 मई 2023 को स्वीकार किया गया था।

प्रकरण में केंद्र सरकार, रेलवे बोर्ड के चेयरमैन, मंडल रेल प्रबंधक, सीनियर डिविजनल इंजीनियर, उत्तराखंड शासन और नैनीताल के जिलाधिकारी समेत कुल छह प्रतिवादी पक्ष शामिल हैं।

हल्द्वानी रेलवे भूमि से जुड़े इस मामले को लेकर लंबे समय से न्यायिक प्रक्रिया जारी है। प्रकरण रेलवे भूमि के अधिग्रहण एवं पुनर्व्यवस्था से संबंधित श्रेणी में दर्ज है। ऐसे में 9 सितंबर को प्रस्तावित सुनवाई को लेकर हल्द्वानी में मामले से जुड़े लोगों की नजरें सुप्रीम कोर्ट पर टिकी हुई हैं।

सुनवाई के दौरान मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया को लेकर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है। हालांकि, 9 सितंबर की तारीख फिलहाल संभावित सूचीबद्धता के तौर पर है, अंतिम सुनवाई और सूचीबद्धता सुप्रीम कोर्ट की आधिकारिक कार्यसूची पर निर्भर करेगी।