उत्तरकाशी: आपदा के खतरे को देख प्रशासन अलर्ट मोड में, कल 6 अगस्त को स्कूल बंद

उत्तरकाशी – जनपद के हर्षिल, धराली और आसपास के क्षेत्रों में मंगलवार को बादल फटने की घटना ने व्यापक तबाही मचाई। कई स्थानों पर नदी-नालों का जलस्तर अचानक बढ़ गया है, जबकि भागीरथी नदी भी उफान पर है। प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भटवाड़ी, डुंडा और चिन्यालीसौड़ क्षेत्र में नदी किनारे बसे लोगों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश जारी किए हैं।

उत्तरकाशी: आपदा के खतरे को देख प्रशासन अलर्ट मोड में, कल 6 अगस्त को स्कूल बंद

लाउडस्पीकर और सायरन के माध्यम से लगातार अलर्ट जारी किए जा रहे हैं। उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ट्रैकरों की आवाजाही पर पूर्ण रोक लगाई गई है, वहीं यात्रियों को भी सुरक्षित स्थानों पर रोकने के निर्देश दिए गए हैं।

संवेदनशील क्षेत्रों में संभावित भू-स्खलन और सड़कों के बाधित होने की आशंका को देखते हुए सीमा सड़क संगठन (बीआरओ), राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) एवं लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को मशीनरी एवं श्रमिकों की पर्याप्त व्यवस्था के साथ तैयार रहने को कहा गया है।

उत्तरकाशी: आपदा के खतरे को देख प्रशासन अलर्ट मोड में, कल 6 अगस्त को स्कूल बंद

इस बीच, भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की चेतावनी को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने बुधवार, 6 अगस्त 2025 को जनपद के सभी शासकीय, अशासकीय, निजी विद्यालयों (कक्षा 1 से 12 तक) एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों में अवकाश घोषित कर दिया है। यह निर्णय छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।

वहीं, पेयजल और बिजली सेवाओं में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न होने की स्थिति में जल संस्थान एवं विद्युत विभाग को तत्काल आपूर्ति बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। सभी संबंधित विभागों के क्षेत्रीय कर्मचारियों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश जारी किए गए हैं ताकि आपदा की स्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य किए जा सकें।

प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल अधिकृत स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास करें। जिले में स्थिति पर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की सतत निगरानी बनी हुई है।